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व्यापारियो ने जी0एस0टी0आयुक्त को ज्ञापन सौपा
January 23, 2020 • Faisal Hayat • Social



कानपुर । सेंट्रल जीएस टी की ऑडिट इकाई द्वारा वर्ष 2017-18 की बाज़ारो में 13 बिंदुओं की नोटिस भेजने व इन नोटिसों के जवाब देने के उपरांत दुकानों पर आकर जांच करने के विरोध में सेंट्रल जी0एस0टी0कार्यालय में पहले नारेबाजी करके हगामा हुआ इसी दौरान आयुक्त पी के काटियार को ज्ञापन सौप कर समस्या बताई व आयुक्त ऑडिट से भी मिलकर  दुकानों पर जांच के लिए आने का विरोध किया,आयुक्त ऑडिट ने आश्वासन दिया कि किसी भी व्यापारी का उत्पीड़न नही होगा।अखिल भारतीय उद्योग व्यापार मंडल के तत्वाधान में प्रदेश महामंत्री ज्ञानेश मिश्र ,महानगर चेयरमैन सुरेंद्र सनेजा व महामन्त्री अतुल द्विवेदी के नेतृत्व में सेंट्रल जी एस टी की ऑडिट इकाई द्वारा वर्ष 2017-18 की बाज़ारो में 13 बिंदुओं की नोटिस भेजने व इन नोटिसों के जवाब देने के उपरांत दुकानों पर आकर जांच करने के विरोध में सेंट्रल जी0एस0टी कार्यालय में पहले नारेबाजी करते हुए  हगामा हुआ।हंगामे के दौरान आयुक्त पी0के0काटियार बाहर आये और उन्हें ज्ञापन सौप कर समस्या बताई ,उन्होंने आयुक्त ऑडिट सोमेश तिवारी से मिलने को कहा ।
आयुक्त ऑडिट  सोमेश तिवारी नीचे व्यापारियों के बीच न आकर पहले ऊपर अपने कार्यालय में पहले केवल दो पदाधिकारियों प्रदेश महामंत्री ज्ञानेश मिश्र व महानगर चेयरमैन सुरेंद्र सनेजा को बुलाया तो दोनों पदाधिकारियों ने सन 2017- 18 में ऑडिट के नाम पर 13 बिंदुओं पर जवाब के उपरांत  दुकानों पर जांच के लिए आने का ज़ोरदार विरोध किया जाएगा।प्रदेश महामन्त्री ज्ञानेश मिश्र ने आयुक्त ऑडिट सोमेश तिवारी* से कहा कि सेंट्रल जी एस टी विभाग की ऑडिट इकाई  सन 2017-18 में जांच के नाम पर 13 बिंदुओं  की नोटिस भेजकर  जवाब मांग रही है और जिन व्यापारियों ने जवाब दे दिया है उनसे कहा जा रहा है कि अब उनकी दुकान पर आकर जांच करेंगे लेकिन अब यह भी स्पष्ट है किसी भी व्यापारी की दुकान या उद्यमी के यहां सन 2017 -18 के मामले में दो वर्ष बाद आने का कोई औचित्य नही है इससे कंही न कंही व्यापारी का मानसिक उत्पीड़न होगा और अन्य तरह के उत्पीड़न की संभावना भी होगी और बाज़ारो में आपके विभाग के अधिकारियों के आने से भय व्याप्त होगा जिसके असर से व्यापार व उद्योग प्रभावित होगा ।
यह भी कहा कि देश मे इस समय सुस्ती या आर्थिक मंदी के दौर में व्यापारियों व उद्यमियों का किसी भी तरह का मानसिक या अन्य किसी तरह का उत्पीड़न होना उचित नही होगा।        
आयुक्त ऑडिट सोमेश तिवारी ने पहले अपने कार्यालय में फिर पदाधिकारियों व व्यापारियों के बीच मे नीचे आकर आश्वासन दिया कि किसी भी व्यापारी का उत्पीड़न नही होगा और पूरे मण्डल में 2017-18 में केवल 1200 नोटिस दिल्ली मुख्यालय से व्यापारियों के नाम सेलेक्ट करके भेजे है और अभी तक केवल 200 नोटिस ही जारी हुई है और इन नोटिसों के जवाब देने के उपरांत कोई अधिकारी किसी भी व्यावारी की दुकान नही जाएगा और किसी भी व्यापारी का उत्पीड़न हो तो मुझे अवगत कराएं निश्चित रूप से उंस अधिकारी के खिलाफ  कार्यवाही होगी।   
 हंगामा करने व ज्ञापन वालो में प्रमुख रूप से महामन्त्री अतुल द्विवेदी,सतीश गांधी,राजे गुप्ता, श्याम शुक्ल,अशोक शुक्ल,नवीन शर्मा,जितेंद्र सिंह,मनीष गुप्ता,अतुल त्रिपाठी,विजय गुप्ता गोरे,आलोक श्रीवास्तव,शैलेंद्र पांडे,योगेश गुप्ता,संजय मिश्र,आशीष मिश्र,अजय गुप्ता राजू, लक्ष्मणदास अमरनानी,जय कुमार शर्मा,पवन गौड़,रोशन गुप्ता,चन्द्राकर दीक्षित,अमित उपाध्याय,अनूप विश्नोई,पवन गुप्ता,मनोज विश्वकर्मा,बालकृष्ण गुप्ता,विनोद शुक्ल,अनुराग साहू,योगेश खत्री,सीतेश वर्मा,अरविंद गुप्त,विजय यादव,महेश शर्मा,देवेंद्र सिंह,दिनेश शुक्ल आदि थे।